एक प्रभावशाली राजनीतिक नेता का फोन आपके पास आता है और वह एक नियम-विरुद्ध काम करने का दबाव बनाता है। आप क्या करेंगे?
उत्तर देखें
सिफारिशित दृष्टिकोण
मैं नेता की बात ध्यान से सुनूंगा और सम्मानपूर्वक समझाऊंगा कि नियमों के दायरे में जो संभव है, वह अवश्य करूंगा। नियम-विरुद्ध कार्य के लिए मैं विनम्रता से मना कर दूंगा और उसका कानूनी कारण स्पष्ट करूंगा। अगर दबाव बढ़े, तो मैं पूरी घटना का लिखित रिकॉर्ड रखूंगा और अपने वरिष्ठ अधिकारियों को सूचित करूंगा। सिविल सेवक का कर्तव्य संविधान और कानून के प्रति है, किसी व्यक्ति के प्रति नहीं।
क्यों?
यह प्रश्न राजनीतिक दबाव में आपकी नैतिक दृढ़ता और व्यावहारिक सूझ को परखता है।
मुख्य बिंदु
- सम्मानजनक लेकिन दृढ़ रुख रखें
- कानून को आधार बनाएं
- लिखित रिकॉर्ड रखें
- संवैधानिक निष्ठा दिखाएं
सामान्य गलतियाँ
- नेता से टकराव की बात करना
- दबाव में झुक जाने की स्वीकृति देना
संभावित फॉलो-अप प्रश्न
- अगर आपके वरिष्ठ भी वही दबाव बनाएं तो?
- राजनीति और प्रशासन में स्वस्थ संबंध कैसे हों?