Shailesh Hitaishi IAS : बिना कोचिंग शुरू की यूपीएससी परीक्षा की तैयारी, दूसरे प्रयास में सफलता हासिल कर बनें IAS अधिकारी

Shailesh Hitaish IAS

Shailesh Hitaishi IAS : UPSC की परीक्षा पास करने के लिए निरंतर प्रयास बहुत जरूरी है। वैसे तो सिविल सेवा परीक्षा में सफलता हासिल करने का कोई शॉर्ट-कट नहीं है, लेकिन कड़ी मेहनत और सही रणनीति के सहारे इस कठिन परीक्षा को आसानी से पास किया जा सकता है।

आज हम आपको एक ऐसे ही शख्स ‘शैलेश हितैषी’ की कहानी बताने जा रहे हैं, जिन्होंने परिश्रम के बल पर ही अपना लोहा मनवाया है. कमाल की बात ये हैं कि शैलेश की शुरुआती पढ़ाई ज्यादा अच्छी नहीं थी. इसके बाद उन्हें शुरुआती समय में असफलता का सामना भी करना पड़ा. लेकिन अपने आत्मविश्वास के दम पर उन्होंने ये सफलता हासिल कर ली और अपने परिवार का नाम रोशन कर दिया. आइए जानते हैं उनके यूपीएससी परीक्षा के सफर के बारे में.

कौन हैं (Shailesh Hitaishi IAS) आईएएस शैलेश हितैषी?

हिमाचल के चंबा शहर के रहने वाले शैलेश हितैषी एक मध्यमवर्गीय परिवार से ताल्लुक रखते हैं. उनके पिता का नाम तिलक राज है. जोकि आयुर्वेदिक विभाग से सेवानिवृत्त हैं. वहीं, उनकी मां लता स्नेह लता परिवार की जिम्मेगदारियां संभालती हैं. उनका भाई मेडिकल कॉलेज में बतौर डॉक्टर नौकरी कर रहे हैं. शैलेश की शुरुआती पढ़ाई चंबा शहर से ही हुई. उन्होंने भारतीय पब्लिक स्कूल हाईस्कूल और इंटरमीडिएट में अवसत अंक हासिल किए.

बेसिक शिक्षा पूरी करने के बाद वो ग्रेजुएशन की पढ़ाई के लिए थापर विश्वविद्यालय आ गए. यहां से उन्होंने अपनी ग्रेजुएशन की पढ़ाई पूरी की. ग्रेजुएशन की पढ़ाई के दौरान ही उन्होंने यूपीएससी परीक्षा की तैयारी करने का विचार किया. जिसके बाद उन्होंने अपने परिवार से बात की और यूपीएससी परीक्षा की तैयारी शुरू कर दी

बिना कोचिंग के क्रैक किया एग्जाम

यूपीएससी परीक्षा की तैयारी के दौरान शैलेश हितैषी ने कभी किसी कोचिंग का सहारा नहीं लिया। उन्होंने सेल्फ स्टडी करते हुए कई सालों की कड़ी मेहनत ने दूसरे प्रयास में ही शैलेश को सफलता का स्वाद चखा दिया। तैयारी के दौरान उन्होंने हर प्रयास बड़ी ही ईमानदारी के साथ किया और निरंतर कोशिश करते रहे। इसी का नतीजा है कि शैलेश अपने सपने को पूरा करने में सफल हुए।

पिछले कई सालों से IAS कीे तैयारी कर रहे शैलेश ने 2019 में HAS (Himachal Administrative Services) की परीक्षापास की थी और उनका सलेक्शन जिला खाद्य व आपूर्ति नियंत्रक के पद पर हुआ था। वर्तमान में वो किन्नौर में इसी पद पर कार्यरत भी हैं।

मेहनत से ही मिलती है यूपीएससी परीक्षा में सफलता

मेहनत से ही सफलता मिलती है, इस बात को चरित्रार्थ कर दिखाया है शैलेश ने। सिविल सेवा परीक्षा 2020 में 758वां रैंक हासिल करने वाले शैलेश कहते हैं कि असफलताओं से घबराएं नहीं, बल्कि इससे सीख लेते हुए अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करें। इस दौरान अपने ऊपर आत्मविश्वास बनाए रखना बेहद जरूरी है, क्योंकि वहीं आपको आगे बढ़ाता है।